इंद्र देव की एक भूल के कारण मथना पड़ा समुद्र, निकली ये 14 अनोखी चीजें

इंद्र देव की एक भूल के कारण मथना पड़ा समुद्र, निकली ये 14 अनोखी चीजें : हिन्दू धर्म की पौराणिक मान्यताओं में देव-दानवों द्वारा किया गया समुद्र मंथन का प्रसंग, भगवान विष्णु द्वारा मोहिनी रूप में देवताओं को अमृत पान कराने के लिए जाना जाता है। दरअसल, हजारों सालों से यह प्रसंग केवल धार्मिक नजरिए से ही नहीं बल्कि इसमें समाए जीवन को साधने वाले सूत्रों के लिए भी अहमियत रखता है।
आज भी कई धर्म परंपराएं इसी प्रसंग से जुड़े कई पहलुओं के इर्द-गिर्द ही घूमती हैं। महाकुंभ में उमड़ने वाला जनसैलाब हो या धन कामना के लिए लक्ष्मी पूजा, सभी के सूत्र समुद्र की गहराई से निकले इन अनमोल रत्नों व उनमें समाए प्रतीकात्मक ज्ञान से जुड़े हैं।

आप इस प्रसंग को धार्मिक रीति-रिवाजों या अन्य किसी जरिए से सुनते हैं, लेकिन कई लोग खासतौर पर युवा पीढ़ी समुद्र मंथन की वजह, उससे निकले अनमोल रत्नों व उनकी अनूठी खूबियों और रोचक बातों से अनजान है। यहीं नहीं, इस दौरान भगवान विष्णु के मोहिनी रूप पर भगवान शिव का मोहित होने का पूरा प्रसंग भी बहुत कम लोगों को ही मालूम हैं।

इंद्र देव की एक भूल के कारण मथना पड़ा समुद्र, निकली ये 14 अनोखी चीजें
इंद्र देव की एक भूल के कारण मथना पड़ा समुद्र, निकली ये 14 अनोखी चीजें

विष्णु पुराण के मुताबिक एक बार ऋषि दुर्वासा वैकुंठ लोक से आ रहे थे। रास्ते में उन्होंने ऐरावत हाथी पर बैठे इन्द्र को त्रिलोकपति समझ कमल फूल की माला भेंट की। किंतु वैभव में डूबे इन्द्र ने अहंकार में वह माला ऐरावत के सिर पर फेंक दी। हाथी ने उस माला को पैरों तले कुचल दिया।

अधिक पढ़ें …
Loading...

इन ← → पर क्लिक करें

loading...

Loading...
शेयर करें